
West Bengal Election Result से पहले ही Prashant Kishor ने किया 'संन्यास' का ऐलान
Zee News
Bengal Election Result 2021: चुनाव प्रबंधन के काम को छोड़ने के बाद प्रशांत किशोर (Prashant kishor) आगे क्या करेंगे, इस सवाल के जवाब में उन्होंने कहा, 'मैं कुछ न कुछ तो जरूर करूंगा.'
नई दिल्ली: पश्चिम बंगाल चुनाव नतीजों (West Bengal Election Result) से पहले ही तृणमूल कांग्रेस (TMC) के रणनीतिकार प्रशांत किशोर (Prashant kishor) ने बड़ा ऐलान किया है. प्रशांत किशोर ने कहा है कि अब वे चुनाव प्रबंधन के कामकाज से संन्यास ले रहे हैं. एक समाचार चैनल से बातचीत के दौरान प्रशांत किशोर (Prashant Kishor) ने कहा कि वे आगे अब ये काम नहीं करेंगे यानी प्रशांत किशोर अब चुनाव प्रबंधन के काम से संन्यास ले चुके हैं. जबकि चुनाव नतीजों से पहले प्रशांत किशोर ने कहा था कि बंगाल में BJP अगर दहाई का आकंड़ा पार कर ले तो वे संन्यास ले लेंगे लेकिन अब जबकि बीजेपी 100 से नीचे है, फिर भी प्रशांत किशोर ने संन्यास का ऐलान कर दिया है.
Ice Breaker missile: भारतीय नौसेना अब अपने बेड़े को और भी ज्यादा खतरनाक बनाने के लिए एक ऐसे मिसाइल सिस्टम पर विचार कर रही है, जो समंदर के बीचों-बीच दुश्मन के होश उड़ा देगा. खबर आ रही है कि भारतीय नौसेना अपने MH-60R सीहॉक हेलीकॉप्टरों को इजरायल की आधुनिक 'आइस ब्रेकर' मिसाइल से लैस करने की योजना बना रही है. खास बात यह है कि भारतीय वायुसेना पहले ही इस मिसाइल को अपनी ताकत में शामिल करने की मंजूरी दे चुकी है.

Line Replaceable Units: RVAS ने भारत के स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम में एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है. कंपनी अब तेजस Mk-2 के लिए एक महत्वपूर्ण Line Replaceable Unit के विकास में भागीदार बन गई है. तेजस Mk-2 को भारतीय वायुसेना के भविष्य के बेड़े की रीढ़ माना जा रहा है. तेजस Mk-2 एक मीडियम-वेट, सिंगल इंजन, मल्टी-रोल फाइटर जेट होगा. इसमें नया एयरफ्रेम, ज्यादा ताकतवर इंजन, आधुनिक एवियोनिक्स, स्वदेशी AESA रडार और ज्यादा हथियार ले जाने की क्षमता होगी.

Pakistani Leader Chief Guest in 1955 republic day: यह किस्सा है साल 1955 का. उस समय भारत ने पाकिस्तान के तत्कालीन गवर्नर जनरल मलिक गुलाम मोहम्मद को गणतंत्र दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया था. उस दौर में भारत अपनी लोकतांत्रिक संस्थाओं और परंपराओं को आकार दे रहा था. मलिक गुलाम मोहम्मद का भारत से पुराना जुड़ाव भी रहा था. उन्होंने अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी से पढ़ाई की थी.










