
Watch: 'मेरे पिता मेरे हीरो थे, शायद यह किस्मत में था', नम आंखों से अंतिम विदाई देकर बोली ब्रिगेडियर LS लिड्डर की बेटी आशना
ABP News
Brigadier LS Lidder Last Rites: ब्रिगेडियर लिड्डर की बेटी ने कहा, मेरे पिता मेरे साथ 17 साल तक थे. हम अच्छी यादों के साथ आगे बढ़ेंगे. यह एक राष्ट्रीय क्षति है.
Brigadier LS Lidder: तमिलनाडु के कून्नूर में बुधवार को हेलिकॉप्टर हादसे में मारे गए ब्रिगेडियर एलएस लिड्डर को शुक्रवार को देश ने नम आंखों से अंतिम विदाई दी. रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, एनएसए अजीत डोभाल और सेना के वरिष्ठ अधिकारियों ने ब्रिगेडियर लिड्डर को नमन किया. ब्रिगेडियर लिड्डर को उनकी पत्नी और बेटी ने भी नम आंखों से श्रद्धांजलि दी.
पिता को अंतिम विदाई देकर उनकी बेटी आशना ने कहा, मैं 17 साल की हो जाऊंगी तो मेरे पिता मेरे साथ 17 साल तक थे. हम अच्छी यादों के साथ आगे बढ़ेंगे. यह एक राष्ट्रीय क्षति है. मेरे पिता हीरो थे, मेरे सबसे अच्छे दोस्त थे. शायद यह किस्मत में था और आगे हमारे रास्ते में अच्छी चीजें आएं. वह सबमें जोश भरते थे. वह मेरे सबसे बड़े मोटिवेटर थे.
