
UP: Bijnor में चोर को चोरी में मिली उम्मीद से ज्यादा रकम, खुशी से आया Heart Attack
Zee News
Thief Suffers Heart Attack After Getting Large Amount: बिजनौर के एसपी धर्म वीर सिंह ने कहा कि 16 और 17 फरवरी की रात को 2 चोर नवाब हैदर नाम के शख्स के पब्लिक सर्विस सेंटर (Public Service Center) में घुस गए और वहां चोरी की.
बिजनौर: उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के बिजनौर (Bijnor) में चोरी से जुड़ा एक अजीबोगरीब मामला सामने आया है. यहां एक चोर को जब चोरी में उम्मीद से ज्यादा पैसा मिला तो वह आपे से बाहर हो गया और जरूरत से ज्यादा खुशी को बर्दाश्त नहीं कर सका. खुशी के मारे चोर को हार्ट अटैक (Thief Suffers Heart Attack After Getting Large Amount) आ गया. हार्ट अटैक (Thief Suffers Heart Attack After Getting Large Amount) आने के चक्कर में चोरी के पैसे की ज्यादातर रकम चोर के इलाज में ही खर्च हो गई. बाद में उनके हाथ कुछ नहीं लगा. गौरतलब है कि ये मामला तब सामने आया जब बिजनौर (Bijnor) कोतवाली देहात क्षेत्र में पिछले महीने हुई चोरी के सिलसिले में 2 चोरों में से 1 को बुधवार को गिरफ्तार किया गया.
Indian France Rafale deal: फ्रांस से खरीदे जाने वाले 114 राफेल की मंजूरी डिफेंस प्रोक्योरमेंट बोर्ड से मिल गई है. जिससे यह डील अंतिम चरण में पहुंच गई है. इसके बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता वाली DAC की बैठक में डील पर चर्चा के बाद मुहर लगाई जाएगी. अंतिम हस्तारक्षर इस डील पर पीएम मोदी करेंगे.

India Nuclear Powered Submarine: साल 2040 तक भारत दुनिया का चौथा सबसे बड़ा न्यूक्लियर पावर्ड पनडुब्बी ऑपरेटर बन सकता है. इस दौरान भारत ब्रिटेन को पीछे छोड़ देगा. अमेरिका, रूस और चीन के बाद चौथा देश बन जाएगा. दुनिया में सबसे ज्यादा न्यूक्लियर सबमरीन अमेरिका के पास हैं. इनकी संख्या 60 से 70 के बीच है.

DRDO hypersonic missile: भारतीय नौसेना एक बेहद लंबी दूरी वाली, हवा से लॉन्च होने वाली 'एंटी-शिप बैलिस्टिक' मिसाइल हासिल करने की योजना बना रही है. यह मिसाइल 1,000 किलोमीटर तक मार करने में सक्षम होगी. इसका सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि हमारे लड़ाकू विमान दुश्मन के एयर डिफेंस सिस्टम की रेंज में आए बिना ही उनके जहाजों को समंदर की गहराइयों में भेज सकेंगे.

30MM Naval Gun Indian Navy: यह गन सिस्टम भारत फोर्ज के आर्टिलरी सेक्टर में अनुभव पर आधारित है. कंपनी पहले ही 30×173 मिमी NATO स्टैंडर्ड कैलिबर पर आधारित मॉड्यूलर टर्रेट्स विकसित कर चुकी है. इनका इस्तेमाल इंफैंट्री कॉम्बैट व्हीकल्स में होता है. यही कैलिबर समुद्री नजदीकी लड़ाई (Close-Range Engagement) के लिए भी प्रभावी माना जाता है.









