
Holi के दिन ढाई बजे के बाद शुरू होगी मेट्रो, DMRC ने समय में किया फेरबदल
Zee News
होली के दिन दिल्ली में मेट्रो सेवा दोपहर 2:30 बजे के बाद शुरू होगी. DMRC ने ट्वीट करते हुए समय में हुए बदलाव की जानकारी साझा की. साथ ही यात्रियों से कोरोना गाइडलाइन का पालन करने की अपील भी की है.
नई दिल्ली: रंगों का त्योहार होली (Holi) नजदीक है. ऐसे में अगर आप भी होली के दिन दिल्ली मेट्रो (Delhi Metro) में सफर करने की सोच रहे हैं तो ये खबर आप ही के लिए है. DMRC ने शनिवार को नई गाइडलाइन जारी की है, जिसमें होली पर मेट्रो टाइमिंग (Metro Timing on Holi) की जानकारी दी गई है. Holi Update To ensure our travel guidelines are being followed, Delhi Metro's Flying Squads penalised 758 commuters on 26 March 2021 for not wearing a face mask properly & following social distancing. Let us all follow the protocols & politely counsel others to do the same. दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) ने शनिवार को यात्रियों के लिए नई गाइडलाइन जारी की है. इसमें कहा गया है कि होली (29 मार्च 2021) के दिन, दिल्ली मेट्रो की सभी लाइनों पर रैपिड मेट्रो/एयरपोर्ट एक्सप्रेस लाइन सहित मेट्रो सेवाएं दोपहर 2:30 बजे तक उपलब्ध नहीं होंगी.'
Ice Breaker missile: भारतीय नौसेना अब अपने बेड़े को और भी ज्यादा खतरनाक बनाने के लिए एक ऐसे मिसाइल सिस्टम पर विचार कर रही है, जो समंदर के बीचों-बीच दुश्मन के होश उड़ा देगा. खबर आ रही है कि भारतीय नौसेना अपने MH-60R सीहॉक हेलीकॉप्टरों को इजरायल की आधुनिक 'आइस ब्रेकर' मिसाइल से लैस करने की योजना बना रही है. खास बात यह है कि भारतीय वायुसेना पहले ही इस मिसाइल को अपनी ताकत में शामिल करने की मंजूरी दे चुकी है.

Line Replaceable Units: RVAS ने भारत के स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम में एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है. कंपनी अब तेजस Mk-2 के लिए एक महत्वपूर्ण Line Replaceable Unit के विकास में भागीदार बन गई है. तेजस Mk-2 को भारतीय वायुसेना के भविष्य के बेड़े की रीढ़ माना जा रहा है. तेजस Mk-2 एक मीडियम-वेट, सिंगल इंजन, मल्टी-रोल फाइटर जेट होगा. इसमें नया एयरफ्रेम, ज्यादा ताकतवर इंजन, आधुनिक एवियोनिक्स, स्वदेशी AESA रडार और ज्यादा हथियार ले जाने की क्षमता होगी.

Pakistani Leader Chief Guest in 1955 republic day: यह किस्सा है साल 1955 का. उस समय भारत ने पाकिस्तान के तत्कालीन गवर्नर जनरल मलिक गुलाम मोहम्मद को गणतंत्र दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया था. उस दौर में भारत अपनी लोकतांत्रिक संस्थाओं और परंपराओं को आकार दे रहा था. मलिक गुलाम मोहम्मद का भारत से पुराना जुड़ाव भी रहा था. उन्होंने अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी से पढ़ाई की थी.










