
DNA ANALYSIS: AMU में फैला 'अफवाह' का संक्रमण, अब तक कई प्रोफेसर्स की हो चुकी है मौत
Zee News
अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (AMU) और उसके आसपास के इलाके में ये अफवाह फैल चुकी है कि कोरोना वैक्सीन लेने से मौत हो जाती है. इसी अफवाह के कारण लोग वैक्सीन होते हुए भी टीकाकरण से घबरा रहे हैं. यही कारण है कि अभी तक कई प्रोफेसर्स की मौत हो चुकी है.
नई दिल्ली: आज हम एक ऐसे वायरस का विश्लेषण करेंगे, जिससे हमारे देश में बड़ी संख्या में लोग संक्रमित हो रहे हैं. इस वायरस का नाम है अफवाह. यानी अफवाह और फेक न्यूज के वायरस ने वैक्सीन को लेकर कई लोगों के मन में डर पैदा कर दिया है, और ये वायरस कोरोना का भी काम काफी आसान कर रहा है. इसे समझाने के लिए आज हम आपको उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) की अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (AMU) लेकर चलना चाहते हैं. AMU को कोरोना वायरस की दूसरी लहर ने काफ़ी प्रभावित किया है. इस समय अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी कोरोना से बहुत ज्यादा प्रभावित है और अब तक कई प्रोफेसर, रिटायर्ड प्रोफेसर और अन्य कर्मचारियों की मौत कोरोना वायरस से हो चुकी है. पिछले 20 दिनों में यूनिवर्सिटी के 19 प्रोफेसर्स का निधन हो चुका है. समझने वाली बात ये है कि यूनिवर्सिटी में ये हाल तब है, जब वहां कोरोना टेस्टिंग की सुविधा और वैक्सीन के इंतजाम हैं. लेकिन अफवाह वाले संक्रमण ने यूनिवर्सिटी के लोगों को डराया हुआ है.
Afanasy Nikitin India: इतिहास के पन्नों को पलटते हैं, तो हमें मालूम चलता है कि 1498 में वास्को-डी-गामा ने भारत के समुद्री रास्ते की खोज की थी. लेकिन सच तो यह है कि उससे करीब तीन दशक पहले, 1469 में एक रूसी व्यापारी अफनासी निकितिन महाराष्ट्र के तट पर कदम रख चुका था. बिना किसी सेना और बिना किसी बड़े जहाज के, निकितिन ने अकेले ही तीन समुद्रों को पार किया और भारत की संस्कृति को अपनी डायरी में समेट लिया.

Ajit Pawar plane crash: बारामती एयरपोर्ट पर हुए दर्दनाक हादसे ने पूरे देश को स्तब्ध कर दिया है. महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजीत पवार जिस विमान में सवार थे, वह देखते ही देखते मलबे में तब्दील हो गया. जिस Bombardier Learjet 45XR को आसमान का सबसे सुरक्षित विमान माना जाता था, वही आज मातम का सबब बन गया. इस विमान का इतिहास और इसकी तकनीकी खूबियां अब जांच के दायरे में हैं.

Indian Air Force refuelling aircraft: भारत के पास अभी सिर्फ 6 पुराने Il-78MKI विमान हैं जो 2003-2004 में उज्बेकिस्तान से लिए गए थे. पुर्जों की कमी की वजह से इनमें से आधे से ज्यादा विमान अक्सर मरम्मत के लिए खड़े रहते हैं. पिछले साल भारत ने अमेरिका की एक कंपनी से एक टैंकर विमान लीज पर लिया था, लेकिन उसके साथ अमेरिकी क्रू आता है, जो युद्ध के समय भारत के काम नहीं आ सकेगा. ऐसे में ये नए विमान नई ताकत बनेंगे.

Tejas-MK2 Rollout: राफेल डील के बीच इंडियन एयरफोर्स के लिए बड़ी खुशखबरी है. HAL-DRDO ने कमाल का काम करते हुए तेजस मार्क-2 को उड़ान के लिए तैयार कर दिया है. इसका इंटरनल रोलआउट पूरा हो चुका है. अब स्वदेशी मिडियम वेट फाइटर जेट ट्रायल फेज में एंट्री कर गया है. इसके बाद कुछ मंजूरियों के बाद फाइनल रोलआउट होगा, जो सार्वजनिक तौर पर किया जाएगा.

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