
DNA ANALYSIS: न्यूयॉर्क टाइम्स का अर्बन नक्सल 'रिक्रूटमेंट प्लान'? जॉब ओपनिंग में लिखी ऐसी बातें
Zee News
द न्यूयॉर्क टाइम्स ने 1 जुलाई को दक्षिण एशिया संवाददाता के लिए वैकेंसी निकाली. अखबार लिखता है कि भारत में मीडिया की स्वतंत्रता और अभिव्यक्ति की आजादी को कमजोर करने का काम किया जा रहा है, जिससे देश के भविष्य पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं. ये सब इस नौकरी के विवरण में लिखा गया है.
नई दिल्ली: आपने अक्सर देखा होगा कि पश्चिमी मीडिया भारत के खिलाफ प्रोपेगेंडा चलाने का एक भी मौक़ा नहीं छोड़ता. चाहे कोविड हो, चाहे किसान आंदोलन हो, चाहे चीन के साथ सीमा विवाद हो या फिर भारत में होने वाले कोई दंगे हों. पश्चिमी मीडिया ने हमेशा भारत की छवि ख़राब करने की पूरी कोशिश की है और ये सब कुछ निष्पक्ष पत्रकारिता और धर्मनिरपेक्षता के नाम पर होता है और आप भी सोचते होंगे कि आखिर इस तरह के एजेंडे वाली छोटी पत्रकारिता करने वाले लोग इनके न्यूज़ रूम में कहां से पहुंच जाते हैं. आज हमें इसका सबूत मिला, जब अमेरिका के मशहूर अखबार न्यूयॉर्क टाइम्स ने भारत में स्थित अपने दक्षिण एशिया संवाददाता की एक वैकेंसी निकाली और उसमें उसने साफ कर दिया कि उसे मोदी विरोधी और भारत विरोधी विचारधारा के पत्रकारों की आवश्यकता है.
SU-30MKII को F-35 ने उड़ने तक नहीं दिया! बेस पर ही किया भस्म; वेनेजुएला में अमेरिका और रशिया में जंग
SU-30MKII Vs F35 in War: अमेरिका ने पहले वेनेजुएला की एयर डिफेंस तबाह की, फिर F-35B स्टेल्थ जेट से SU-30MKII को जमीन पर ही नष्ट कर दिया. आसमान साफ होते ही डेल्टा फोर्स ने कराकस में घुसकर राष्ट्रपति मादुरो को दबोच लिया, बिना फुल-स्केल युद्ध छेड़े.

US Air Force B-1B Lancer bombers: B-1B लांसर बॉम्बर्स की तैनाती प्रशांत क्षेत्र में बढ़ाने की तैयारी में है. इसका मुख्य कारण इन विमानों में Long Range Anti-Ship Missile (LRASM) का शामिल किया जाना है. इससे इन्हें दुश्मन के समुद्री बेड़े पर हमला करने की बड़ी क्षमता मिलती है. अमेरिका B-1B बॉम्बर्स को चीन के तेजी से बढ़ते सतह युद्धपोत बेड़े के मुकाबले एक असमान रणनीतिक हथियार के तौर पर देख रहा है.

F-15 Eagle fighter jet: आवाज की रफ्तार से भी तेज और मौत की तरह सटीक, यह एक ऐसे लड़ाकू विमान की कहानी है जिसने आज तक हार का स्वाद नहीं चखा. जब यह आसमान में निकलता है, तो दुश्मन के रडार कांपने लगते हैं और उसके पायलटों के पास केवल भागने का रास्ता बचता है. साल 2025 तक के इतिहास में इस विमान ने 100 से ज्यादा हवाई मुकाबले किए हैं और हर बार यह विजेता बनकर ही लौटा है.




