
राजस्थान में पनप रहा स्नैक रेस्क्यू माफिया! जानिए कैसे करता है काम
Zee News
इन गैंग्स की दादागिरी और दहशत इतनी है कि कोई इनके आगे नहीं बोलता. यदि एक ही जगह दो गैंग के सदस्य पहुंच जाते हैं तो वो वहां झगड़े और हाथापाई पर उतारू हो जाते हैं.
Jaipur: राजस्थान में स्नेक माफिया के खिलाफ वन्य जीव प्रेमी सामने आए. वन्य जीव प्रेमियों ने बताया कि राजस्थान में महज 5 से 10 सालों के अंदर एक ऐसा माफिया पनपा है जो आपकी आंखों के सामने से अवैध काम कर जाता है और आपको भनक भी नहीं लगती. और तो और आप इनाम के तौर पर इनको सर्टिफिकेट और पैसे तक दे रहे हैं. जी हां, ये स्नेक रेस्क्यू अब इनका धंधा बन चुका, जिले वार गैंग्स पनप चुकी हैं जो अब इस धंधे में शामिल है. एक-एक जिले में आपको ऐसे फर्जी संगठन या व्यक्तिगत लोग मिल जाएंगे जो लगातार इन कामों को अंजाम दे रहे हैं. पहले ये तो व्यक्तिगत रूप से स्नेक रेस्क्यू का काम शुरू करना, फिर संगठन बना लेना. इनकी मोडस ऑपरेंडी ऐसी है कि शुरुआत में लोगों की नजरों में जमने के लिए सच्चाई से रेस्क्यू करते हैं, कभी-कभी तो रेस्क्यू के पैसे भी नहीं लेते, इनका मकसद होता है सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों में अपनी पैठ जमाना.
Line Replaceable Units: RVAS ने भारत के स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम में एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है. कंपनी अब तेजस Mk-2 के लिए एक महत्वपूर्ण Line Replaceable Unit के विकास में भागीदार बन गई है. तेजस Mk-2 को भारतीय वायुसेना के भविष्य के बेड़े की रीढ़ माना जा रहा है. तेजस Mk-2 एक मीडियम-वेट, सिंगल इंजन, मल्टी-रोल फाइटर जेट होगा. इसमें नया एयरफ्रेम, ज्यादा ताकतवर इंजन, आधुनिक एवियोनिक्स, स्वदेशी AESA रडार और ज्यादा हथियार ले जाने की क्षमता होगी.

Pakistani Leader Chief Guest in 1955 republic day: यह किस्सा है साल 1955 का. उस समय भारत ने पाकिस्तान के तत्कालीन गवर्नर जनरल मलिक गुलाम मोहम्मद को गणतंत्र दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया था. उस दौर में भारत अपनी लोकतांत्रिक संस्थाओं और परंपराओं को आकार दे रहा था. मलिक गुलाम मोहम्मद का भारत से पुराना जुड़ाव भी रहा था. उन्होंने अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी से पढ़ाई की थी.

Indian France Rafale deal: फ्रांस से खरीदे जाने वाले 114 राफेल की मंजूरी डिफेंस प्रोक्योरमेंट बोर्ड से मिल गई है. जिससे यह डील अंतिम चरण में पहुंच गई है. इसके बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता वाली DAC की बैठक में डील पर चर्चा के बाद मुहर लगाई जाएगी. अंतिम हस्तारक्षर इस डील पर पीएम मोदी करेंगे.










