
रघुवंश प्रसाद सिंह की पहली पुण्यतिथी सियासी जंग जारी, RJD के सवाल का BJP ने दिया जवाब
Zee News
आरजेडी ने रघुवंश प्रसाद सिंह को लेकर नीतीश कुमार की मनसा पर सवाल खड़े किये तो वहीं दूसरी तरफ बीजेपी ने रघुवंश सिंह को लेकर लालू परिवार (Lalu yadav Family) पर निशाना साधा है. यही वजह है कि रघुवंश सिंह की पहली पुण्यतिथि आज आरजेडी ने कई सवाल उठाए हैं.
Patna: बिहार के दिग्गज नेता रहे रघुवंश प्रसाद सिंह (Raghvansh Prasad singh) की आज पहली पुण्यतिथी है. इस मौके पर भी राज्य में बीजेपी व आरजेडी ने दिग्गज नेता को लेकर सियासी बयान दिए हैं. यही वजह है कि तमाम दलों के नेता एक तरफ रघुवंश प्रसाद सिंह को श्रद्धांजलि दे रहे हैं वहीं दूसरी ओर राजनीतिक बयान भी दे रहे हैं. एक तरफ आरजेडी ने रघुवंश प्रसाद सिंह को लेकर नीतीश कुमार की मनसा पर सवाल खड़े किये तो वहीं दूसरी तरफ बीजेपी ने रघुवंश सिंह को लेकर लालू परिवार (Lalu yadav Family) पर निशाना साधा है. यही वजह है कि रघुवंश सिंह की पहली पुण्यतिथि आज आरजेडी ने कई सवाल उठाए हैं.
Ice Breaker missile: भारतीय नौसेना अब अपने बेड़े को और भी ज्यादा खतरनाक बनाने के लिए एक ऐसे मिसाइल सिस्टम पर विचार कर रही है, जो समंदर के बीचों-बीच दुश्मन के होश उड़ा देगा. खबर आ रही है कि भारतीय नौसेना अपने MH-60R सीहॉक हेलीकॉप्टरों को इजरायल की आधुनिक 'आइस ब्रेकर' मिसाइल से लैस करने की योजना बना रही है. खास बात यह है कि भारतीय वायुसेना पहले ही इस मिसाइल को अपनी ताकत में शामिल करने की मंजूरी दे चुकी है.

Line Replaceable Units: RVAS ने भारत के स्वदेशी फाइटर प्रोग्राम में एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है. कंपनी अब तेजस Mk-2 के लिए एक महत्वपूर्ण Line Replaceable Unit के विकास में भागीदार बन गई है. तेजस Mk-2 को भारतीय वायुसेना के भविष्य के बेड़े की रीढ़ माना जा रहा है. तेजस Mk-2 एक मीडियम-वेट, सिंगल इंजन, मल्टी-रोल फाइटर जेट होगा. इसमें नया एयरफ्रेम, ज्यादा ताकतवर इंजन, आधुनिक एवियोनिक्स, स्वदेशी AESA रडार और ज्यादा हथियार ले जाने की क्षमता होगी.

Pakistani Leader Chief Guest in 1955 republic day: यह किस्सा है साल 1955 का. उस समय भारत ने पाकिस्तान के तत्कालीन गवर्नर जनरल मलिक गुलाम मोहम्मद को गणतंत्र दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया था. उस दौर में भारत अपनी लोकतांत्रिक संस्थाओं और परंपराओं को आकार दे रहा था. मलिक गुलाम मोहम्मद का भारत से पुराना जुड़ाव भी रहा था. उन्होंने अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी से पढ़ाई की थी.










