
अफगानिस्तान का इतिहास उसका भविष्य नहीं हो सकता: SCO बैठक में जयशंकर
The Quint
jaishankar afghanistan: शंघाई कोऑपरेशन ऑर्गेनाइजेशन (SCO) की बैठक में एस जयशंकर ने कहा कि काबुल का भविष्य उसका इतिहास नहीं हो सकता है, s jaishankar at sco meeting in dushanbe says afghanistan future cannot be its past
शंघाई कोऑपरेशन ऑर्गेनाइजेशन (SCO) के विदेश मंत्रियों की ताजिकिस्तान की राजधानी दुशानबे (Dushanbe) में 14 जुलाई को बैठक हुई. इस दौरान भारत ने अफगानिस्तान (Afghanistan) में बदलती स्थिति पर अपना नजरिया पेश किया. भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर (S Jaishankar) ने कहा कि काबुल का 'भविष्य उसका इतिहास नहीं हो सकता है.'तालिबान (Taliban) का दावा है कि अब वो अफगानिस्तान के 85 फीसदी हिस्से पर नियंत्रण रखता है. अमेरिकी सेना की वापसी (US troop withdrawal) के बीच तालिबान तेजी से क्षेत्रीय दबदबा बढ़ा रहा है. अमेरिका ने सेना वापसी की डेडलाइन 31 अगस्त तय की है.जयशंकर ने कहा कि दुनिया ताकत और हिंसा से सत्ता हथियाने के खिलाफ है. उन्होंने कहा कि ऐसी हरकतें 'वैध' नहीं हैं.ADVERTISEMENTभारत का शांति प्रक्रिया पर जोरविदेश मंत्री एस जयशंकर ने शांति प्रक्रिया पर जोर दिया और उसे ही एकमात्र 'समाधान' बताया. जयशंकर ने कहा, "दोहा प्रक्रिया, मॉस्को फॉर्मेट और इस्तांबुल प्रक्रिया को दर्शाने वाला समझौता महत्वपूर्ण है."दोहा प्रक्रिया, मॉस्को फॉर्मेट और इस्तांबुल प्रक्रिया अफगानिस्तान में शांति स्थापित करने के लिए वार्ता के अलग-अलग फ्रेमवर्क हैं.ADVERTISEMENTजयशंकर ने कहा कि अफगानिस्तान के पड़ोसी देशों के लिए ये सुनिश्चित करना भी जरूरी है कि उन्हें 'आतंकवाद, अलगाववाद और उग्रवाद' से खतरा न हो.बैठक में विदेश मंत्री का कहना था कि दुनिया, क्षेत्र और अफगान लोग एक 'आजाद, तटस्थ, संगठित, शांतिपूर्ण, लोकतांत्रिक और समृद्ध देश' चाहते हैं. जयशंकर ने कहा, "हमें उन्हें निराश नहीं करना चाहिए."इस बैठक में रूस के विदेश मंत्री सर्जी लेवरॉव, चीनी विदेश मंत्री वांग यी, पाकिस्तानी विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी और अफगानिस्तान के विदेश मंत्री मोहम्मद हनीफ अतमार ने हिस्सा लिया था.(हैलो दोस्तों! हमारे Telegram चैनल से जुड़े रहिए यहां)ADVERTISEMENT...More Related News
